Breaking News
Thu. Apr 25th, 2024

NIA ने किया बड़ा खुलासा, मणिपुर हिंसा में विदेशी उग्रवादियों का हाथ

NIA ने किया बड़ा खुलासा, मणिपुर हिंसा में विदेशी उग्रवादियों का हाथNIA ने किया बड़ा खुलासा, मणिपुर हिंसा में विदेशी उग्रवादियों का हाथ
खबर को शेयर करे

नई दिल्ली, 01 अक्टूबर 2023: मणिपुर में पिछले कुछ महीनों से जारी हिंसा में विदेशी उग्रवादियों का हाथ होने का बड़ा खुलासा हुआ है। राष्ट्रीय जांच एजेंसी (NIA) ने अपनी जांच में पाया है कि म्यांमार और बांग्लादेश के उग्रवादी समूह मणिपुर में विभिन्न जातीय समूहों के बीच दरार पैदा करने और भारत सरकार के खिलाफ युद्ध छेड़ने के लिए मिलकर काम कर रहे हैं।

NIA की जांच रिपोर्ट के मुताबिक, म्यांमार और बांग्लादेश स्थित उग्रवादी समूहों ने मणिपुर में हथियार और गोला-बारूद की तस्करी के लिए एक नेटवर्क बनाया है। इस नेटवर्क का इस्तेमाल वे मणिपुर में हिंसा को बढ़ावा देने के लिए कर रहे हैं।

NIA ने अपनी जांच में एक उग्रवादी संगठन की पहचान की है, जो मणिपुर में हिंसा को बढ़ावा दे रहा है। यह संगठन म्यांमार के उग्रवादी समूह “UNITED NATIONAL FEDERATION OF MANIPUR (UNFM)” का एक सहयोगी है। UNFM मणिपुर में एक अलग राज्य की मांग कर रहा है।

NIA ने अपनी जांच में पाया है कि UNFM के सहयोगी संगठन ने मणिपुर में हिंसा को बढ़ावा देने के लिए स्थानीय लोगों को भी भर्ती किया है। इन स्थानीय लोगों को हथियार और गोला-बारूद की आपूर्ति की जा रही है।

NIA ने अपनी जांच रिपोर्ट को संबंधित अधिकारियों को सौंप दिया है। अधिकारियों ने कहा है कि वे इस मामले में कड़ी कार्रवाई करेंगे।

हिंसा के प्रमुख बिंदु:

  • मणिपुर में हिंसा में विदेशी उग्रवादियों का हाथ है।
  • म्यांमार और बांग्लादेश के उग्रवादी समूह मणिपुर में विभिन्न जातीय समूहों के बीच दरार पैदा करने और भारत सरकार के खिलाफ युद्ध छेड़ने के लिए मिलकर काम कर रहे हैं।
  • NIA ने एक उग्रवादी संगठन की पहचान की है, जो मणिपुर में हिंसा को बढ़ावा दे रहा है।
  • इस संगठन ने मणिपुर में हिंसा को बढ़ावा देने के लिए स्थानीय लोगों को भी भर्ती किया है।
  • अधिकारियों ने कहा है कि वे इस मामले में कड़ी कार्रवाई करेंगे।

इसे भी पढ़े-PM मोदी ने हल्दी किसानों के लिए राष्ट्रीय हल्दी बोर्ड की घोषणा की

Related Post

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *